गोरखपुर के चिड़ियाघर का पानी सा होगा फर्श तैरेंगी मछलियां और कछुए


पानी जैसा पारदर्शी फर्श और उसके नीचे तैरती मछलियां, कछुए समेत अन्य प्रकार के जलीय जंतु। चिड़ियाघर के इंटरप्रेटेशन सेंटर में आने वालों को कुछ ऐसा ही नजारा देखने को मिलेगा। वन मंत्री दारा सिंह चौहान ने इंटरप्रेटेशन सेंटर के फर्श को कुछ ऐसा ही बनाने का सुझाव दिया है जिसके बाद कार्यदायी संस्था और चिड़ियाघर प्रशासन फर्श की डिजाइन में बदलाव करने में जुट गया है। नए साल में शहर के लोगों को चिड़ियाघर की सौगात तो मिलेगी ही, इस चिड़ियाघर परिसर में एक ठिकाना ऐसा भी होगा जो दूसरी वजह से आकर्षण का केंद्र बनेगा। गोरखपुर दौरे के दौरान वन पर्यावरण एवं जंतु उद्यान विभाग मंत्री दारा सिंह चौहान ने इंटरप्रेटेशन सेंटर के फर्श की डिजाइन में बदलाव का सुझाव दिया था।


दिल्ली स्थित भारत के नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक (कैग) कार्यालय के फर्श का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा था यह बहुत ही आकर्षक है। नीचे बहता हुआ पानी और उसमें जलीय जीव जंतुओं की मौजूदगी, ऊपर पारदर्शी फर्श एक अलग की तरह की भव्यता प्रदान करता है।

पूर्वांचल ही नहीं देश के इस बेहतरीन चिड़ियाघर के इंटरप्रेटेशन सेंटर का फर्श भी कुछ ऐसा ही हो जाए तो एक बड़ा आकर्षण का केंद्र होगा। वन मंत्री के इस सुझाव के बाद चिड़ियाघर प्रशासन ने इस पर अमल लाने की कवायद शुरू कर दी है।

- वन मंत्री दारा सिंह चौहान ने इंटरप्रेटेशन सेंटर के फर्श की डिजाइन में बदलाव का सुझाव दिया है। जल्द ही इसके लिए प्रस्ताव तैयार कर लिया जाएगा।
- डीबी सिंह, परियोजना प्रबंधक, चिड़ियाघर